
पुलिस आयुक्त रघुबीर लाल ने बताया कि आरोपी यहां किदवई नगर स्थित ‘शैल ग्रुप ऑफ एजुकेशन’ नामक कार्यालय से यह गिरोह संचालित कर रहे थे। गिरोह कथित तौर पर उम्मीदवारों को परीक्षा दिए बिना हाईस्कूल (10वीं) से लेकर बीटेक, बी फार्म और एलएलबी जैसे पाठ्यक्रमों तक के अकादमिक प्रमाणपत्र उपलब्ध कराता था।