वाशिंगटन: 12 अप्रैल (ए)
ट्रंप ने कहा कि उन्होंने ‘‘नौसेना को निर्देश दिया है कि वह अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में ईरान को शुल्क (टोल) चुकाने वाले प्रत्येक जहाज की तलाश करे और उसे रोके। अवैध टोल चुकाने वाले किसी को भी समुद्र में सुरक्षित आवागमन की अनुमति नहीं होगी।’’ट्रंप ने इस्लामाबाद में शांति वार्ता के किसी परिणाम पर न पहुंचने पर नाराजगी जताते हुए कहा कि ये बैठक अच्छी रही, अधिकतर बिंदुओं पर सहमति बन गई थी, लेकिन एकमात्र मुद्दा जो था ईरान द्वारा परमाणु हथियार छोड़ने का उससे इससे इनकार कर दिया, जिस कारण ही वार्ता विफल हुई है।ट्रंप ने ईरान पर वैश्विक उगाही का आरोप लगाते हुए कहा कि वह समुद्री मार्ग का इस्तेमाल दबाव बनाने के लिए कर रहा है। उनके मुताबिक, ईरान ने होर्मुज में माइंस बिछाने की धमकी देकर अंतरराष्ट्रीय व्यापार को प्रभावित किया है। उन्होंने यह भी दावा किया कि अमेरिकी सेना ईरान द्वारा बिछाई गई माइंस को नष्ट करने का अभियान शुरू करेगी। साथ ही चेतावनी दी कि अगर किसी भी ईरानी बल ने अमेरिकी या अन्य जहाजों पर हमला किया,तो उसे नरक में भेज दिया जाएगा।उन्होंने कहा कि ईरान इस स्थिति को खत्म करने का तरीका सबसे बेहतर जानता है,जिसने पहले ही उनके देश को तबाह कर दिया है। उनकी नौसेना,वायु सेना,एयर डिफेंस और रडार बेकार हो चुके हैं। खामेनेई और उनके अधिकांश नेता मारे जा चुके हैं, यह सब उनकी परमाणु महत्वाकांक्षा के कारण हुआ है।ट्रंप ने कहा कि जल्द ही नाकाबंदी शुरू होगी। अन्य देश भी इस नाकाबंदी में शामिल होंगे। ईरान को इस अवैध जबरन वसूली से लाभ उठाने की अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्हें पैसा चाहिए और उससे भी महत्वपूर्ण बात,उन्हें परमाणु शक्ति चाहिए। इसके अलावा,उचित समय पर हम पूरी तरह से तैयार हैं,और हमारी सेना ईरान के बचे-खुचे हिस्से को भी खत्म कर देगी।