जोहानिसबर्ग: 26 फरवरी (ए) विश्व हिंदू परिषद की दक्षिण अफ्रीका शाखा की ओर से शनिवार को प्रिटोरिया में आयोजित होने जा रहे राष्ट्रीय हिंदू सम्मेलन में दक्षिण अफ्रीका के समक्ष मौजूद विभिन्न चुनौतियों से निपटने के उपायों पर चर्चा की जाएगी।
सम्मेलन का विषय “द नेशनल रीसेट – ए विजन फॉर ए प्रोग्रेसिव साउथ अफ्रीका” रखा गया है। इसमें देशभर से आध्यात्मिक नेता, शिक्षाविद, पेशेवर, युवा प्रतिनिधि और सामुदायिक संगठनों के प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे।यह सम्मेलन वर्ष 2024 में आयोजित पहले राष्ट्रीय सम्मेलन की सफलता के बाद हो रहा है, जिसमें दर्जनों हिंदू संगठनों ने एकजुट होकर अधिक समन्वय, वकालत और प्रतिनिधित्व की साझा मांग उठाई थी।
आयोजकों के अनुसार, इस वर्ष का कार्यक्रम केवल संवाद तक सीमित न रहकर ठोस कार्ययोजना तैयार करने पर केंद्रित होगा, जिसमें सामुदायिक विकास और राष्ट्रीय योगदान के लिए व्यावहारिक कदमों की रूपरेखा बनाई जाएगी।
विहिप (दक्षिण अफ्रीका) के महासचिव प्रवेश हर्डीन ने कहा, “दक्षिण अफ्रीका एक निर्णायक मोड़ पर खड़ा है। देशभर के समुदाय आर्थिक अनिश्चितता, युवाओं में बेरोजगारी, सामाजिक विखंडन और मानसिक स्वास्थ्य संबंधी चुनौतियों से जूझ रहे हैं। ‘नेशनल रीसेट’ की अवधारणा हमें सनातन धर्म की शाश्वत शिक्षाओं से प्रेरणा लेकर वर्तमान समस्याओं के समाधान में सक्रिय योगदान देने का आह्वान करती है।”
सम्मेलन के तहत पूर्ण अधिवेशन, परिचर्चा और समूह कार्यशालाएं शामिल होंगी, जिनमें सांस्कृतिक पहचान, नैतिक नेतृत्व, सामाजिक कल्याण और नागरिक भागीदारी जैसे विषयों पर विचार-विमर्श होगा।
