प्रयागराज: 24 अगस्त (ए) इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने वाराणसी में ज्ञानवापी मस्जिद के वुजूखाना के एएसआई सर्वेक्षण की मांग वाली याचिका पर सुनवाई सोमवार को टाल दी और अगली तिथि छह अक्टूबर निर्धारित की।
न्यायमूर्ति रोहित रंजन अग्रवाल, वाराणसी की एक अदालत में वादकारियों में से एक राखी सिंह द्वारा दायर की गयी पुनरीक्षण याचिका पर सुनवाई कर रहे हैं।
सोमवार को जब इस मामले में सुनवाई शुरू हुई तो उच्च न्यायालय को बताया गया कि यह मामला माननीय उच्चतम न्यायालय के समक्ष लंबित है और वहां सुनवाई की अगली तिथि 15 सितंबर निर्धारित है।
उच्च न्यायालय ने कहा कि अधिवक्ताओं ने सूचित किया है कि इस मामले में उच्चतम न्यायालय में सुनवाई लंबित है और अगली तिथि 15 सितंबर तय है।
उच्च न्यायालय ने कहा कि ऐसे में सुनवाई टाली जाती है और अगली तिथि छह अक्टूबर निर्धारित की जाती है।
यह पुनरीक्षण याचिका वाराणसी के जिला न्यायाधीश के 21 अक्टूबर, 2023 के आदेश को चुनौती देते हुए दायर की गई है। जिला न्यायाधीश ने ज्ञानवापी मस्जिद में वुजूखाना क्षेत्र (कथित शिवलिंग को छोड़कर) का सर्वेक्षण करने का एएसआई को निर्देश देने से मना कर दिया था।
वाराणसी की अदालत में श्रृंगार गौरी की पूजा अर्चना वाद में शामिल वादकारियों में से एक राखी सिंह ने अपनी इस पुनरीक्षण याचिका में दलील दी है कि न्याय हित में वुजूखाना क्षेत्र का सर्वेक्षण आवश्यक है क्योंकि इससे अदालत को निर्णय पर पहुंचने में मदद मिलेगी।
उनका यह भी कहना है कि वुजूखाना क्षेत्र का एएसआई से सर्वेक्षण इसलिए भी आवश्यक है क्योंकि इससे संपूर्ण संपत्ति का धार्मिक चरित्र निर्धारित हो सकेगा।
एएसआई वाराणसी में ज्ञानवापी परिसर का पहले की सर्वेक्षण कर चुका है और वाराणसी के जिला न्यायाधीश को अपनी रिपोर्ट सौंप दी है। एएसआई ने वाराणसी के जिला न्यायाधीश के 21 जुलाई, 2023 के आदेश के तहत सर्वेक्षण किया था।
