‘इंडिया’ गठबंधन ने निर्वाचन आयोग मामले पर राष्ट्रव्यापी अभियान की घोषणा की, मतपत्र से चुनाव की मांग

राष्ट्रीय
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नयी दिल्ली: 30 सितंबर (ए) ‘इंडिया’ गठबंधन ने चुनाव प्रणाली से जुड़ी कथित अनियमितताओं के खिलाफ बुधवार को एक साझा कार्ययोजना के तहत देशभर में आंदोलन और सभाएं आयोजित करने का निर्णय किया तथा इस बात पर जोर दिया कि ‘इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन’ (ईवीएम) की जगह मतपत्र के जरिए चुनाव कराए जाएं।

गठबंधन की बैठक के बाद कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि सभी नेताओं ने मिलकर लड़ाई लड़ने की बात की है।उन्होंने निर्वाचन आयोग पर गंभीर आरोप लगाए और कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी तथा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह निर्वाचन आयोग का ‘‘कठपुतली’’ की तरह इस्तेमाल कर रहे हैं।

खरगे ने विपक्ष की साझा कार्ययोजना का उल्लेख करते हुए कहा कि दो अक्टूबर से आठ अक्टूबर तक जिला स्तर पर ‘लोकतंत्र बचाओ मार्च’ निकाला जाएगा। इसके अलावा छह अक्टूबर को विपक्षी दलों के सभी सांसद निर्वाचन आयोग तक मार्च निकालेंगे।

कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि अक्टूबर के दूसरे सप्ताह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से मिलने का समय मांगा जाएगा और आयोग के समक्ष विपक्षी दल अपनी चिंताओं से अवगत कराएंगे।

उन्होंने कहा कि गठबंधन की ओर से पांच बड़ी रैलियां भी आयोजित की जाएंगी, जिनके माध्यम से जनता के समक्ष यह बात रखी जाएगी कि विपक्ष के अनुसार सरकार लोगों के लोकतांत्रिक अधिकारों को प्रभावित कर रही है।

खरगे ने कहा कि विपक्षी नेताओं की मांग है कि उच्चतम न्यायालय चुनाव प्रक्रिया से संबंधित सभी मामलों की जल्द सुनवाई कर उनका निस्तारण करे।

कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने कहा कि बैठक में शामिल सभी दलों की राय है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था पर हमला किया है।

उन्होंने कहा कि यह गठबंधन का संकल्प है कि ‘‘भारतीय लोकतंत्र को तबाह करने वालों को सजा मिलेगी।’’

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने आरोप लगाया कि बिहार, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल में ‘‘बड़ा घोटाला’’ हुआ है तथा भाजपा ने इन राज्यों में चुनावों को ‘‘लूटा’’ है।

उन्होंने मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के तत्काल इस्तीफे की मांग की।

ममता ने कहा कि यदि ज्ञानेश कुमार को पद से नहीं हटाया गया तो बड़े पैमाने पर आंदोलन किया जाएगा।

‘इंडिया’ गठबंधन के नेताओं ने बैठक में तय कार्यक्रमों के जरिए चुनाव प्रक्रिया और लोकतांत्रिक संस्थाओं से जुड़े अपने मुद्दों को जनता के बीच ले जाने तथा सरकार और निर्वाचन आयोग के समक्ष अपनी मांगें रखने की रणनीति बनाई है।