वाशिंगटन, 19 अप्रैल (ए) राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रविवार को कहा कि अमेरिकी वार्ताकार सोमवार को ईरान के साथ दूसरे दौर की बातचीत के लिए पाकिस्तान पहुंचेंगे।
ट्रंप ने धमकी दी कि अगर ईरान अमेरिका द्वारा प्रस्तावित समझौते को स्वीकार नहीं करता है, तो वह ईरान में नागरिक बुनियादी ढांचे को नष्ट कर देंगे।
ट्रंप की यह घोषणा अमेरिका और ईरान के बीच 11 और 12 अप्रैल को इस्लामाबाद में हुई प्रत्यक्ष वार्ता के एक सप्ताह बाद आई है, जिसका उद्देश्य संघर्ष को समाप्त करना था, लेकिन इस वार्ता में कोई समझौता नहीं हो सका।
ट्रंप ने ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘मेरे प्रतिनिधि कल शाम को वार्ता के लिए इस्लामाबाद जा रहे हैं।’’
अमेरिकी राष्ट्रपति ने ‘फॉक्स न्यूज’ से कहा, ‘‘जेरेड कुशनर और स्टीव विटकॉफ पश्चिम एशिया की ओर रवाना हो रहे हैं। उनकी बैठक मंगलवार सुबह शुरू होगी। यह एक बहुत ही सरल समझौता है, वे इसके अधिकांश बिंदुओं पर सहमत हो गए हैं।’’
अमेरिका और ईरान के बीच आठ अप्रैल को हुए दो सप्ताह के संघर्षविराम समझौते की अवधि 22 अप्रैल को समाप्त होगी।
होर्मुज जलडमरूमध्य वार्ता के पहले दौर के दौरान प्रमुख विवादों में से एक था और शनिवार को इसे लेकर जारी गतिरोध तब और बढ़ गया, जब ईरान ने संकरे जलमार्ग को पार करने की कोशिश कर रहे जहाजों पर गोलीबारी की, जबकि अमेरिका ने ईरानी बंदरगाहों की नाकाबंदी जारी रखी।
रविवार को ट्रंप ने कहा, ‘‘ईरान की ‘किलिंग मशीन’ का अंत करने का समय आ गया है।’’
ट्रंप ने धमकी दी कि अगर ईरान अमेरिका द्वारा प्रस्तावित समझौते को स्वीकार नहीं करता है, तो वह ईरान के नागरिक ढांचे को नष्ट कर देंगे।
अमेरिकी राष्ट्रपति ने कहा, ‘‘हम एक बहुत ही उचित और तर्कसंगत प्रस्ताव दे रहे हैं, और मुझे उम्मीद है कि वे इसे स्वीकार करेंगे, क्योंकि, अगर वे ऐसा नहीं करते हैं, तो अमेरिका ईरान के हर एक बिजली संयंत्र और हर पुल को ध्वस्त कर देगा।’’
