देहरादून: 30 मार्च (ए)
) देहरादून के राजपुर क्षेत्र में सोमवार सुबह कथित तौर पर रास्ता देने को लेकर दो कार सवारों के बीच विवाद के दौरान हुई गोलीबारी में सेना के एक सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर की मौत हो गई। पुलिस ने यह जानकारी दी।
पुलिस के अनुसार घटना मसूरी रोड पर जोहड़ी गांव में सुबह उस समय हुई जब दिल्ली पंजीकरण नंबर वाली एक फॉर्च्यूनर कार और उसके पीछे आ रही एक स्कॉर्पियो एन में सवार लोगों के बीच रास्ता देने को लेकर विवाद हो गया। पुलिस ने मामले का खुलासा करते हुए घटना के संबंध में चार लोगों को गिरफ्तार किया है, जिसमें एक नाइट क्लब का मालिक भी शामिल है। देहरादून के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने यहां संवाददाता सम्मेलन में मामले का खुलासा करते हुए बताया कि मसूरी रोड पर जोहड़ी गांव में सुबह छह-सात बजे के बीच हुई इस घटना के संबंध में कुठाल गेट पर स्थित नाइट क्लब ‘जेन-जी’ के मालिक संदीप कुमार समेत चार व्यक्तियों को गिरफ्तार किया गया है।
उन्होंने बताया कि नियमों का उल्लंघन कर रात भर खुले रहने वाले नाइट क्लब को सील कर दिया गया है और देहरादून के जिलाधिकारी को क्लब का लाइसेंस निरस्त करने की सिफारिश की जाएगी।
अधिकारी ने बताया कि मामले की जांच में पता चला कि रविवार देर रात आदित्य चौधरी नाम के व्यक्ति और उसके साथियों का नाइट क्लब में काम करने वाले मोहित अग्रवाल से बिल कम कराने को लेकर झगड़ा हुआ था।
उन्होंने बताया कि झगड़े के बाद मोहित और अन्य कर्मचारियों रोहित कुमार और अखलाक ने आदित्य चौधरी की बिना नंबर प्लेट वाली नई स्कॉर्पियो कार का शीशा तोड़ दिया था।
डोबाल ने बताया कि क्लब से बाहर आने के बाद आदित्य व उसके साथी बदला लेने के लिए थोड़ी दूर रुककर क्लब के कर्मचारियों का इंतजार करते रहे और सुबह जैसे ही वे अपने मालिक संदीप की दिल्ली के पंजीकरण नंबर वाली फार्च्यूनर कार में बैठकर बाहर निकले, उन्होंने पीछा करना शुरू कर दिया।
अधिकारी ने बताया कि फार्च्यूनर को रोकने के प्रयास में आदित्य के एक साथी शांतनु ने वाहन पर गोलियां चलायीं, जिसके बाद जवाबी गोलीबारी शुरू हो गयी।
उन्होंने बताया कि इस दौरान सुबह की सैर पर निकले सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर मुकेश जोशी (74) को गोली लग गयी और उन्हें तत्काल उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां उनकी मौत हो गयी।
अधिकारी ने बताया कि जोशी जोहड़ी गांव के एक अपार्टमेंट में रहते थे।
डोबाल ने बताया कि सेवानिवृत्त ब्रिगेडियर के संबंधी राकेश कुमार उप्रेती की शिकायत पर राजपुर थाने में हत्या सहित अन्य आरोपों में मुकदमा दर्ज किया गया।
अधिकारी ने बताया कि घटना के बाद फॉर्च्यूनर कार अनियंत्रित होकर जोहड़ी के राजकीय प्राथमिक विद्यालय के पास सड़क किनारे एक पेड़ से टकरा गयी, जिसके बाद आदित्य और उसके साथियों ने दूसरी कार में सवार रोहित कुमार, अखलाक और अन्य लोगों के साथ मारपीट करते हुए उनकी कार को बुरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया।
उन्होंने बताया कि घटना के बाद स्कॉर्पियो कार में सवार सभी युवक मौके से फरार हो गए।
डोबाल ने बताया कि पुलिस ने जब रोहित व अखलाक को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उन्होंने पहले इसे ओवरटेकिंग को लेकर हुए विवाद के बाद स्कॉर्पियो कार सवार लोगों द्वारा की गयी गोलीबारी बताया और पुलिस को गुमराह करने का प्रयास किया।
अधिकारी ने बताया कि बाद में सख्ती से पूछताछ करने पर उन्होंने माना कि उनके पास भी हथियार थे और उन्होंने भी गोलीबारी की थी।
उन्होंने बताया कि स्कॉर्पियो में सवार युवक ज्यादातर छात्र हैं, जो दिल्ली और बिहार के रहने वाले हैं और फिलहाल वे देहरादून के शिक्षण संस्थानों में पढ़ाई कर रहे हैं।
डोबाल ने बताया कि आदित्य और उसके साथियों ने नाकाबंदी के कारण अपनी स्कॉर्पियो को थानो रोड पर जंगलों में एकांत स्थान पर छिपा दिया और विभिन्न माध्यमों से अलग-अलग स्थानों पर चले गए।
उन्होंने बताया कि सघन तलाशी के बाद पुलिस ने स्कॉर्पियो कार को बरामद कर लिया और घटना में शामिल दोनों वाहनों को जब्त कर लिया गया।
अधिकारी ने बताया कि बाद में आदित्य को देहरादून के ननूरखेड़ा से गिरफतार कर लिया गया।
उन्होंने बताया कि आदित्य के अलावा रोहित कुमार, अखलाक और नाइट क्लब के मालिक संदीप कुमार को भी गिरफतार कर लिया गया।
अधिकारी ने बताया कि आरोपियों के पास से दो तमंचे, चार कारतूस, कारतूस के दो खोखे भी बरामद किए गए हैं।
डोबाल ने बताया कि स्कॉर्पियो कार सवार आदित्य के साथी शांतनु त्यागी, कविश त्यागी, समीर चौधरी और वैभव की तलाश के लिए विभिन्न स्थानों पर दबिश दी जा रही है।