कृषि कानूनों पर सरकार की बैठक में नहीं निकला निष्कर्ष, किसान बोले- जारी रहेगा प्रदर्शन

राष्ट्रीय
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नई दिल्ली, 01 दिसम्बर एएनएस। केंद्र सरकार के तीन नए कृषि कानूनों को लेकर दिल्ली के विज्ञान भवन में सरकार और किसान संगठनों के बीच चली बैठक बिना किसी नतीजे के मंगलवार शाम को खत्म हो गई। हालांकि, फिर से तीन दिसंबर को बातचीत होगी। वहीं, केंद्र सरकार के कृषि कानूनों के खिलाफ पंजाब और हरियाणा से आए हजारों किसानों का पिछले पांच दिनों से हल्ला बोल जारी है। देश की राजधानी दिल्ली की सीमा पर हजारों किसान पिछले पांच दिनों से धरना पर डटे हैं और आज उनके प्रदर्शन का छठा दिन है।  केंद्रीय कृषि कानूनों के खिलाफ उनका यह धरना सोमवार को पांचवें दिन में प्रवेश कर गया। इन कानूनों के बारे में किसानों को आशंका है कि इससे न्यूनतम समर्थन मूल्य समाप्त हो जाएगा। किसानों के प्रदर्शन की वजह से सिंघु और टिकरी बॉर्डर बंद है, वहीं गाजीपुर बॉर्डर पर ठोस बैरिकेडिंग की गई। बैठक में हिस्सा लेने वाले किसानों में से एक चंदा सिंह ने कहा कि हमारा आंदोलन कृषि कानूनों के खिलाफ जारी रहेगा। हम सरकार से जरूर कुछ वापस लेकर रहेंगे। हम फिर से सरकार से बातचीत करने के लिए वापस आएंगे। दूसरी ओर किसानों के विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली की   सीमाओं पर मंगलवार को भारी पुलिस बल तैनात रहा और विरोध प्रदर्शन कर रहे किसानों को रोकने के लिए कंक्रीट के तथा कई स्तरों वाले अवरोधक लगाए गए हैं। भारी संख्या में सुरक्षा बलों की तैनाती के बीच लगातार छठे दिन, हजारों की संख्या में किसान टिकरी और सिंघू बॉर्डर पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं लेकिन स्थिति शांतिपूर्ण बनी हुई है। पुलिस के अनुसार, किसानों के “दिल्ली चलो” के आह्वान के मद्देनजर सीमा पर एहतियात के तौर पर वाहनों की जांच तेज कर दी गई है।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा कि यूपी गेट केपास गाजीपुर बॉर्डर पर सीमेंट के और कई स्तरों वाले अवरोधक लगाए गए हैं जहां शनिवार से किसान विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। आक्रोशित किसानों द्वारा राष्ट्रीय राजधानी में प्रवेश के सभी बिंदुओं को बंद करने की धमकी देने के बाद यह कदम उठाये गए हैं। एक अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने कहा, “किसानों के विरोध प्रदर्शन के मद्देनजर दिल्ली पुलिस ने विभिन्न सीमा क्षेत्रों पर चौकसी बढ़ा दी है। सभी आंतरिक और बाह्य बलों को सचेत कर दिया गया है।” टिकरी, सिंघू और गाजीपुर बॉर्डर के अलावा दिल्ली को हरियाणा और उत्तर प्रदेश से जोड़ने वाले किसी अन्य सीमा क्षेत्र से विरोध प्रदर्शन की खबर नहीं है। ऐहतियात के तौर पर दिल्ली गुड़गांव सीमा पर भी सुरक्षा बलों की तैनाती मजबूत कर दी गई है।

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने किसानों से दिल्ली के बुराड़ी मैदान पर पहुंचने की अपील करते हुए कहा था कि किसान निर्दिष्ट स्थान पर पहुंच जाएं, केंद्र सरकार उनसे बातचीत करने के लिए तैयार है। रविवार को 30 से अधिक किसान समूहों की बैठक हुई जिसमें शाह की, तीन दिसंबर की निर्धारित तिथि से पहले बातचीत करने की पेशकश ठुकराते हुए बिना शर्त बातचीत की मांग की गई थी।