कोलकाता: 29 अक्टूबर (ए) राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने कोलकाता में पुलिस द्वारा तीन लोगों को लगभग निर्वस्त्र अवस्था में और उनकी कमर में रस्सियां बांधकर परेड कराने के मामले का स्वत: संज्ञान लिया है और पुलिस आयुक्त से रिपोर्ट मांगी है। एक अधिकारी ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।
दक्षिण कोलकाता के सरसुना इलाके में एक नाबालिग लड़के को उसकी प्रेमिका को चूमते हुए पकड़े जाने के बाद उसे, उसके पिता और एक दोस्त को निर्वस्त्र होकर चलने के लिए मजबूर करने के आरोप में तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने मंगलवार को घटना की कड़ियां जोड़ने के दौरान इन तीनों को बिना शर्ट और सिर्फ शॉर्ट्स में पूरे इलाके में घुमाया।
आयोग ने कहा कि खबर में दी गई जानकारी सही है तो इससे मानवाधिकारों से जुड़ी गंभीर चिंताएं पैदा होती हैं। आयोग ने कोलकाता पुलिस आयुक्त को नोटिस जारी कर दो सप्ताह के भीतर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
आरोपों के अनुसार, रविवार शाम सरसुना थाना क्षेत्र में 17 वर्षीय एक लड़के को उसकी प्रेमिका के परिवार के सदस्यों ने उसके साथ पकड़ लिया। आरोप है कि लड़की के माता-पिता और मामा ने लड़के और उसके दोस्त को एक कमरे में बंधक बनाकर उनके साथ मारपीट की।
आरोप है कि इसके बाद लड़के को अपने पिता को मौके पर बुलाने के लिए मजबूर किया गया। लड़के के पिता ने आरोप लगाया कि लड़की के मामा ने उन्हें एक हथियार देते हुए कहा कि या तो वह अपने बेटे को गोली मार दें या उसके साथ निर्वस्त्र होकर चलें।
सोशल मीडिया पर एक वीडियो सामने आने के बाद यह घटना प्रकाश में आई, जिसमें लड़के, उसके पिता और दोस्त को निर्वस्त्र अवस्था में परेड कराते हुए दिखाया गया है।
